
लोको रिक्रिएशन क्लब के तत्वावधान में रेलवे लोको कॉलोनी में सात दिवसीय पहाड़ी पूजा का शुभारंभ हुआ। बुधवार की रात सैकड़ों भक्तों के बीच गोल पहाड़ी स्थित मंदिर से चलकर मां पहाड़ी लोको कॉलोनी स्थित पूजा मंडप में विराजमान हुई।
इससे पूर्व संध्या 7:00 बजे जुगसलाई विधानसभा क्षेत्र के विधायक ने विधिवत पूजा का उद्घाटन किया। मौके पर जिला परिषद उपाध्यक्ष विशिष्ट अतिथि के रूप में तथा समाजसेवी सम्मानित अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। अतिथियों ने पूजा मंडप में स्थापित प्रतिमा के समक्ष नारियल फोड़कर मत्था टेका और आरती उतारकर माता का आशीर्वाद प्राप्त किया।

इसके बाद गाजे-बाजे के साथ भक्तों की टोली मां पहाड़ी को लाने के लिए लोको कॉलोनी से गोल पहाड़ी के लिए रवाना हुई।
रात 10:30 बजे लोको पहुंची मां पहाड़ी
मां पहाड़ी को लाने गए भक्त रात करीब 8:30 बजे गोल पहाड़ी पहुंचे, जहां मां को मनाने के लिए आराधना शुरू हुई। रात लगभग 9:15 बजे मां पहाड़ी के प्रतीक मुख्य डलिया में फूल गिरने के बाद उसे हल्दी के लेप से मां का स्वरूप दिया गया। इसके बाद सैकड़ों भक्तों के जयकारों के बीच मां पहाड़ी लोको कॉलोनी के लिए प्रस्थान कर गई। रात 10:30 बजे माता का लोको कॉलोनी में प्रवेश हुआ।

आशीर्वाद ग्रहण करने वालों का तांता
लोको कॉलोनी में प्रवेश करते ही माता के चरण पखार कर आशीर्वाद लेने वालों का तांता लग गया। यह सिलसिला रात करीब 11:45 बजे तक चलता रहा, जब तक मां पूजा मंडप में स्थापित नहीं हो गईं। यहां खड़गपुर से आए पुजारी परमेश्वर एवं लोको पहाड़ी मंदिर के मुख्य पुजारी देवेंद्र पाड़ी ने विशेष पूजा-अर्चना के बाद मुख्य डलिया को पूजा मंडप में स्थापित किया।

आज से होगा नगर भ्रमण
गुरुवार से मां पहाड़ी नगर भ्रमण पर निकलेंगी। इस दौरान उनके साथ उनकी सात बहनें भी कलश लेकर चलेंगी। मां पहाड़ी के माथे पर मुख्य डलिया रहेगा, जबकि कलश लेकर चलने वाली महिलाएं और युवतियां वे होंगी, जिन्होंने मन्नत मांगी है या जिनकी मन्नतें पूरी हुई हैं।